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भारत इंडिया हो गया कविता | Hindi Poem Bharat India Ho Gaya | भावार्थ

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भारत इंडिया हो गया कविता | Hindi Poem Bharat India Ho Gaya | भावार्थ भारत इंडिया हो गया कविता | Hindi Poem Bharat India Ho Gaya |   भारत इंडिया हो गया अंग्रेज चले गए पर, अंग्रेजी का भूत  नहीं गया। ना जाने भारतवासियो को ये क्या हो गया।               माता पिता ना जाने आज कहाँ खो गए,              अब लगता है वो मौम -डैड हो गए। ना जाने ये हम भारतबासियो को क्या हो गया !           चाचा चाची, बुआ फूफा सब बैन हो गए,         आजकल तो सारे अंकल ऑन्टी के ही  फैन हो गए।   ना जाने ये हम भारतवासियो को क्या हो गया! भारत के मित्र आज फ्रेंड हो गए, पतिदेव बेचारे पति से हस्बैंड हो गए। माता को प्रणाम, हेलो मदर हो गया सच कहते है अब तो अखबार भी मीडिया हो गया।         लगता है हम भारतवासियो को सच में कुछ हो          गया,त भी तो भारत इंडिया हो गया!

IGNOU BEGAE-182 English Communication Skills Chapter-1 Short Notes and Questions Answers

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  IGNOU BEGAE-182 BEGAE-182 ENGLISH COMMUNICATION SKILLS CHAPTER-1 SHORT NOTES AND QUESTIONS ANSWERS  Chapter-1  IGNOU BEGAE-182 English Communication Skills Chapter-1 The Process of Communication THE PROCESS OF COMMUNICATION The following figure gives a simple model of the process of communication:- Sender Encoding Written/text/spoken Decoding Receiver BARRIERS TO COMMUNICATION Communication will often be disturbed and distorted leading to a condition of misunderstanding and faure of communication. Let us now consider some of these barriers: Code:  That is the addresser and the addressee may not share the same language between them. The addresser is speaking in french and the addressee does not know French. 2.Vocabulalry:   The market declined under persistent bear hammering. One who is not familiar with the vocabulary of the stock market may not understand what is meant. 3. Concept: Not all may understand technical and subject specific concept. eg: A blac...

मराठा साम्राज्य और इसके उत्तराधिकारी

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 मराठा साम्राज्य और इसके उत्तराधिकारी  शिवाजी शिवाजी के नेतृत्व मे 17 वीं शताब्दी के उत्तरार्ध में मराठा शक्ति का उदय हुआ।शिवाजी मराठा साम्राज्य के शक्ति  शाली राजा थे। शिवा जी का जन्म 1627 ई. में पूना के शिवनेर किले में हुआ था। शिवा जी के पिता का नाम शाह जी भोंसले और माता जीजाबाई थी तथा संरक्षक दादा कोंड देव थे। शिवा जी का विवाह सालबाई निम्बालकर से 1640 ई. में हुआ शिवाजी ने मराठी भाषा को दरबार मैं प्रयोग में लाया।शिवाजी के अध्यात्मक गुरु समर्थ रामदास थे।शिवाजी की कर व्यवस्था मालिक अम्बर की कर व्यवस्था पर आधारित थी।भूमि मापन के लिए काठी एवं मानक छड़ी का प्रयोग मराठा सम्राज्य शिवाजी के शासन काल में शुरू हुआ। शिवा जी के अलग अलग किलो पर अधिकार के साथ मराठा साम्राज्य का विस्तार वीर मराठा साम्राज्य के वीर शिवा जी ने धीरे धीरे अलग अलग दुर्गो पर अधिकार करके अपनी ताकत को बढ़ाया और रायगढ़ को अपनी राजधानी बनाया. बीजापुर के सुल्तान अली आदिल शाह ने 1659 ई. मैं अफजल खां को शिवाजी को नियंत्रित करने भेजा परन्तु वो शिवा जी के हाथो मारा गया। ऑरेंगजेब ने भी शाइस्ता खां को भेजा लेकिन मराठा वीर...

Computer application in business

Computer application in business         Introduction to Windows Windows 10 The latest version of windows is windows10 was introduced in 2015. It is designed to  compatible with hard ware, software and peripherals and updates that are always enabled  help user stay up to date with features and security for the supported life time of the devise. Best new features 1. Start menu and action centre: The start menu is now available in full screen instead  of the limited in windows 8.1. The action centre has quick buttons to switch Wi-fi  and Bluetooth on or off. 2. Cortana desktop: Cortana, your personal digital assistant, is right on desktop. It make  easier for user to interact with devise without lifting a finger. User will be able to to  search hard drive for specific files pull up photos from specific dates or launch  powerpoint presentations just by telling PC to do so. 3. Xbox app and streaming: Gaming just got even better wit...

शिकारी देवी मंदिर मंडी हिमाचल प्रदेश :इतिहास, मान्यताएं और यात्रा की पूरी जानकारी

 शिकारी देवी मंदिर मंडी हिमाचल प्रदेश :इतिहास, मान्यताएं और यात्रा की पूरी जानकारी  नमस्कार दोस्तों आज मैं आपके लिए एक ऐसे अद्भुत और रहस्यमयी माता के मंदिर के बारे मैं लेख लेकर आया हूँ जो हिमाचल प्रदेश की प्यारी सी धरती की बर्फ़ीलो पहाड़ो की चोटी पर स्थित है। शिकारी देवी जी का मंदिर हिमाचल प्रदेश में हैं। यह स्थान हिमाचल की छोटी काशी मंडी के करसोग में विराजमान  हैं। यह स्थान प्रकृति की अद्भुत सुंदरता से भरपूर हैं। माता शिकारी देवी  जी का मंदिर पहाड़ी की चोटी पर स्थित है और मंदिर के चारों ओर बहुत ही सुंदर नजारा हैं यहाँ पर लोग दूर-दूर से आते हैं ओर माता रानी उनके मन की मुरादे पूरी करती हैं। मंदिर के चारों ओर के पहाड़ बर्फ की चादर से ढके हुए हैं जो बहुत ही सुंदर और मनमोहित करने वाले होते हैं।  माता शिकारी देवी जी का मंदिर का सफर बहुत ही सुहाबना होता हैं क्योंकि यह मंदिर चोटी पर स्थित हैं। यहाँ पहुचने के लिए बहुत सी सीढ़ियां चढ़नी पड़ती हैं, लेकिन यहाँ का शांत वातावरण आपको चोटी तक पहुंचाने में सहायता करेगा।  यहां पहुंचते ही आप में एक अलग सा सुकून मिलेगा।माता के मंदिर...

मेहनत से बदले भाग्य – भगवान महावीर की प्रेरणादायक कहानी

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मेहनत से बदले भाग्य – भगवान महावीर की प्रेरणादायक कहानी मेहनत से बदले भाग्य – भगवान महावीर की प्रेरणादायक कहानी एक बार भगवान महावीर एक गांव से गुजर रहे थे। और उस गांव में एक व्यक्ति का मिट्टी के बर्तनों का बड़ा अच्छा व्यापार चल रहा था। वह अपने व्यापार के अच्छी तरह चलने का कारण अपना अच्छा भाग्य मानता था। उसका मानना था कि जब किसी व्यक्ति के साथ अच्छा होता है तो उसका भाग्य अच्छा होता है और जिस व्यक्ति के साथ बुरा होता है तो उसकी तकदीर भी खोटी होती है। भगवान महावीर ने उससे कहा, की "हर कार्य पुरुषार्थ से होता है"। पहले पुरुषार्थ से व्यक्ति मेहनत करता है, तब उसका भाग्य बदलता है।" वह व्यक्ति महावीर की इस बात से किसी भी तरह सहमत नहीं था। उसका यही मानना था कि भाग्य प्रबल होने पर ही व्यक्ति व्यापार, शिक्षा, रोजगार में उन्नति कर पाता है। उनकी बात सुनकर भगवान महावीर बोले, "अच्छा बताओ, मिट्टी के ये बर्तन कौन बनाता है?" युवक बोला, "मैं बनाता हूं।" महावीर बोले, "तुम मिट्टी के बर्तन ही क्यों बनाते हो?" युवक बोला, "क्योंकि यही मेरा पेशा है।" महावीर...